Wednesday, December 11, 2019

Director Postal Services Krishna Kumar Yadav inaugurated Daak mela in Raebareli Head Post Office Campus

डाक विभाग ने डिजिटल टेक्नालाजी के साथ अपने को अपडेट करते हुये कस्टमर-फ्रेंडली (Customer Friendly Services in Post Offices) सेवाओं का दायरा बढ़ाया है। शहर से लेकर ग्रामीण स्तर तक डाक सेवाओं में आमूलचूल परिवर्तन किए गए हैं। उक्त उद्गार लखनऊ मुख्यालय परिक्षेत्र के निदेशक डाक सेवाएँ श्री कृष्ण कुमार यादव (Krishna Kumar Yadav, Director Postal Services, Lucknow HQ Region) ने बतौर मुख्य अतिथि रायबरेली डाक मंडल द्वारा आयोजित वृहद् डाक मेले का शुभारम्भ करते हुये 10 दिसंबर, 2019 को व्यक्त किये। 

इस अवसर पर सहायक निदेशक बचत कमला कांत, नाबार्ड की एजीएम रजनी पांडेय ने भी अपने विचार व्यक्त किये। अतिथियों का स्वागत रायबरेली मंडल के डाक अधीक्षक सुनील कुमार सक्सेना ने किया। विभिन्न सेवाओं के ग्राहकों को पासबुक और बांड्स देने के साथ-साथ विभिन्न क्षेत्रों में उत्कृष्ट कार्य करने वाले डाक कर्मियों को भी डाक निदेशक श्री कृष्ण कुमार यादव ने सम्मानित कर उनकी पीठ थपथपाई। 



डाक निदेशक श्री कृष्ण कुमार यादव ने कहा कि, चिट्ठी-पत्री और मनीऑर्डर के लिये जाना जाने वाला डाक विभाग अब डिजिटल टेक्नालॉजी (Digital Technology)  और वित्तीय समावेशन (Financial inclusion) के लिये भी प्रतिबद्ध है।  केंद्र सरकार की तमाम अग्रणी योजनाओं को डाकघरों (Post Offices)  के माध्यम से प्रमुखता से लागू किया जा रहा है। रायबरेली में 5 लाख 60 हजार बचत खातों के साथ डाकघर की लगभग हर घर में पहुँच है। 

33 हजार से ज्यादा बेटियों के सुकन्या समृद्धि खाते (Sukanya Samriddhi Yojana) खुलवाकर प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी जी (Prime Minister Shri Narendra Modi) द्वारा आरम्भ "बेटी बचाओ, बेटी पढ़ाओ" (Beti Bachao Beti Padhao) अभियान को मूर्त दे रहे हैं। डाक निदेशक श्री कृष्ण कुमार यादव ने कहा कि रायबरेली के 100 गाँवों में 10 साल तक की सभी बेटियों के सुकन्या खाते डाकघरों में खुलवाए जा चुके हैं। 
डाक निदेशक श्री कृष्ण कुमार यादव ने कहा कि वित्तीय समावेशन के तहत 47 हजार लोगों को इण्डिया पोस्ट पेमेंट्स बैंक (India Post Payments Bank) से जोड़ा जा चुका है और 9 गाँवों को आईपीपीबी (IPPB Saksham Gram)  सक्षम ग्राम बनाया जा चुका है। 13 ग्रामों को सम्पूर्ण बीमा ग्राम बनाया गया है। रायबरेली (Raebareli Head Post Office) में 55 हजार लोगों ने इस वर्ष  डाकघरों के माध्यम से आधार नामांकन और अपडेशन का कार्य कराया है। रायबरेली पोस्ट ऑफिस  पासपोर्ट सेवा केंद्र द्वारा लगभग 1200 लोगों के पासपोर्ट (Passport) बनाये जा चुके हैं। 

डाक निदेशक श्री यादव ने कहा कि बदलते परिवेश में डाक विभाग नई भूमिका निभाने के लिए तत्पर है। ई-कामर्स को बढ़ावा देने हेतु कैश ऑन डिलीवरी, लेटर बाक्स से नियमित डाक निकालने हेतु नन्यथा मोबाईल एप, ग्रामीण शाखा डाकघरों को 'दर्पण' (DARPAN) प्रोजेक्ट के तहत  हाइटेक बनाने जैसे तमाम कदम विभाग की "डिजिटल इण्डिया" के तहत की गई पहल हैं।


डाककर्मियों से रूबरू होते हुए डाक निदेशक श्री कृष्ण कुमार यादव ने कहा कि फील्ड में उनकी कार्य गतिविधियाँ ही विभाग के प्रति लोगों की अवधारणा (इमेज) बनाती हैं, ऐसे में उन्हें ग्राहकों के प्रति ज्यादा संवेदनशील होने की जरुरत है। लोगों से नियमित संवाद स्थापित करते हुए उन्हें सेवाओं और गुणवत्ता के बारे में जागरूक करना होगा, तभी लक्ष्यों की प्राप्ति हो सकेगी। सहायक निदेशक बचत, रायबरेली  श्री कमला कांत ने  कहा कि डाक विभाग देश के सबसे पुराने  विभागों में है। उन्होंने अल्प बचत योजनाओं के माध्यम से समाज कल्याण की योजनाओं से लोगों को जोड़ने में डाकघरों की भूमिका को अहम बताया।  नाबार्ड की एजीएम सुश्री रजनी पांडेय ने कहा कि वक्त के साथ अपनी सेवाओं में बदलाव करते हुये डाक विभाग ने महत्वपूर्ण आयाम स्थापित किये हैं। 
    इस अवसर पर अधीक्षक डाकघर, रायबरेली मंडल श्री सुनील कुमार सक्सेना ने कहा कि डाक सेवाओं को लोगों के और करीब लाने हेतु इस प्रकार के तमाम  मेलों और जागरूकता कैम्प का आयोजन करते हुये विभागीय लक्ष्यों की प्राप्ति सुनिश्चित की जाएगी। इण्डिया पोस्ट पेमेंट्स बैंक के मैनेजर सुमित भट्नागर ने आभार ज्ञापन किया। 



रायबरेली प्रधान डाकघर में आयोजित डाक मेले का डाक निदेशक केके यादव ने किया शुभारम्भ 

डाकघरों में बढ़ रहा वित्तीय समावेशन और कस्टमर-फ्रेंडली सेवाओं का दायरा - डाक निदेशक केके यादव 

ग्राहकों के प्रति ज्यादा संवेदनशील होने और नियमित संवाद पर डाक निदेशक कृष्ण कुमार यादव ने दिया जोर 

Friday, December 6, 2019

India Post Payments Bank : घर बैठे डाकिया के माध्यम से अपने बैंक खाते से निकालें राशि, डाकिया बना अब चलता-फिरता एटीएम

यदि आप सुदूर क्षेत्र में रह रहे हैं, जहाँ पर बैंक की शाखा या एटीएम सुविधा नहीं है तो अब आपको पैसे निकालने के लिए परेशान होने की जरूरत नहीं है। शहरों में भी बैंक या एटीएम की लाईन में लगने की बजाय अब आप घर बैठे अपने इलाके के डाकिया के माध्यम से अपने बैंक खाते से पैसे निकाल सकते हैं। बस आपका खाता आधार और मोबाईल नंबर से लिंक होना चाहिए। इंडिया पोस्ट पेमेंट्स बैंक की "आधार इनेबल्ड पेमेंट सिस्टम सेवा"  (Aadhaar Enabled Payment System (AePS) ) के तहत इसका लाभ उठाया जा सकता है। यह जानकारी लखनऊ मुख्यालय परिक्षेत्र के निदेशक डाक सेवाएँ कृष्ण कुमार यादव (Krishna Kumar Yadav, Director Postal services, Lucknow HQ Region) ने दी। "आपका बैंक आपके द्वार" के तहत कार्य करते हुए इंडिया पोस्ट पेमेंट्स बैंक (India Post Payments Bank)ने  जनमानस में अपनी सुदृढ़ उपस्थिति दर्ज कराई है। उत्तर प्रदेश में इसके 18 लाख से अधिक खाते खुले हैं। इसमें खाता खुलवाना भी बेहद आसान है।






डाक निदेशक श्री कृष्ण कुमार यादव ने बताया कि, इंडिया पोस्ट पेमेंट्स बैंक द्वारा आरम्भ "आधार इनेबल्ड पेमेंट सिस्टम (AEPS) के माध्यम से अब कोई भी व्यक्ति अपने  बैंक के आधार-लिंक्ड खाते से धनराशि डाकघर के काउंटर्स  (Post Office Counters) या डाकिया (Postman) के माध्यम से निकाल सकता है। अक्टूबर में आरम्भ होने के बाद, उत्तर प्रदेश (Uttar Pradesh) में लगभग 50 हजार लोगों ने इसका लाभ उठाया है। इसमें एक दिन में अधिकतम दस हजार रूपये निकाले जा सकते हैं। इसके लिए किसी भी प्रकार का चार्ज नहीं लिया जायेगा। ग्रामीण क्षेत्रों में रहने वाले लोग अपने इलाके के डाकिये के माध्यम से भी किसी बैंक से पैसे निकाल सकते हैं, बशर्ते खाता आधार से लिंक होना चाहिए। इस सुविधा के आने से घर-घर तक डाक पहुँचाने वाला डाकिया अब चलता फिरता एटीएम (ATM) हो गया है।

डाक निदेशक श्री कृष्ण कुमार यादव ने बताया कि इंडिया पोस्ट पेमेंट बैंक के माध्यम से  विभिन्न सरकारी योजनाओं में सहायता राशि लाभार्थियों को उनके घर पर प्रदान की जा रही है, जिनमें  प्रमुख रूप से निक्षय भारत योजना के अंतर्गत टी.बी के मरीज़, प्रधान मंत्री मातृत्व वंदन योजना के अंतर्गत गर्भवती महिलाओं, दिव्यांग पेंशन योजना, वृद्धावस्था योजना, किसान सम्मान निधि  के लाभार्थी शामिल हैं। आईपीपीबी उत्तर प्रदेश के एजीएम अविनाश सिन्हा ने बताया कि इन लाभार्थियों को  जिनको पहले बैंक में  देर तक लाइन लगाकर लेनदेन करना पड़ता था अब उनके आधार के माध्यम से खाता खोलने के साथ जमा निकासी की सुविधा भी डाकिये द्वारा उनके घर पर प्रदान की जा रही है।  इसके अतिरिक्त अन्य सभी सरकारी योजनाओं के खाते भी समस्त प्रदेश में बड़ी संख्या में खोले जा रहे हैं। आईपीपीबी न सिर्फ अपने खातों से बल्कि अन्य बैंको के आधार लिंक्ड खातों से भी ग्राहकों को धनराशि आहरित करने की सुविधा प्रदान कर रहा है।















My Stamp in Sitapur Head Post Office : डाक निदेशक के.के. यादव ने सीतापुर प्रधान डाकघर में किया माई स्टाम्प सेवा का शुभारम्भ

डाक विभाग अपनी सेवाओं की विविधता एवं नवीन टेक्नालाजी द्वारा नित नये आयाम रच रहा है। इसी कड़ी में लखनऊ मुख्यालय परिक्षेत्र के निदेशक डाक सेवायें श्री कृष्ण कुमार यादव (Krishna Kumar Yadav, Director Postal Services, Lucknow HQ Region) ने सीतापुर प्रधान डाकघर में माई स्टाम्प सेवा एवं डायनमिक क्यू मैनेजमेंट सिस्टम का 4 दिसंबर, 2019 को शुभारम्भ किया। माई स्टाम्प (My Stamp) के माध्यम से डाक टिकट पर अब आमजनों की तस्वीर लग सकेगी वहीँ डायनमिक क्यू मैनेजमेंट सिस्टम (Digital Queue Management System) के माध्यम से ग्राहकों को अपना कार्य कराने के लिए डाकघर में लम्बी क़तार में खड़े होना नहीं पड़ेगा। 





शुभारम्भ अवसर पर प्रथम कस्टमर के रूप में मदर्स प्राइड स्कूल की मैनेजिंग डायरेक्टर सुश्री मोनिका आनन्द को डाक निदेशक श्री कृष्ण कुमार यादव  ने माई स्टैम्प प्रदान किया| इस अवसर पर केंद्रीय विद्यालय सीतापुर के प्रधानाचार्य श्री सुनील कुमार व जिला क्षय रोग अधिकारी श्री मुसाफिर यादव व डाक अधीक्षक श्री एच.के. यादव उपस्थित थे। 


इस अवसर पर प्रधान डाकघर परिसर में आयोजित वृहद् डाक मेले का शुभारम्भ करते हुए निदेशक डाक सेवायें श्री कृष्ण कुमार यादव ने कहा कि डाक विभाग ने शहर से लेकर ग्रामीण स्तर तक डाक सेवाओं में अमूलचूल परिवर्तन किये हैं। चिट्ठी-पत्री और मनीआर्डर के लिए जाना जाने वाला डाक विभाग अब डिजिटल टेक्नालाजी (Digital Technology) और वित्तीय समावेशन (Financial inclusion) के लिए प्रतिबद्ध है। डाक निदेशक श्री कृष्ण कुमार यादव ने कहा कि सीतापुर में बचत, बैकिंग, बीमा, ई-कामर्स, आधार, इण्डिया पोस्ट पेमेंट्स बैंक (India Post payments bank), पोस्ट आफिस पासपोर्ट सेवा केंद्र जैसे क्षेत्रों में डाकघर नवीन टेक्नालाजी के साथ लोगों की जरूरतें पूरी कर रहे हैं। 
डाक कर्मियों से रूबरू होते हुए डाक निदेशक श्री कृष्ण कुमार यादव ने कहा कि फील्ड में उनकी कार्य गतिविधियाँ ही विभाग के प्रति लोगों की अवधारणा बनाती है, ऐसे में उन्हें ग्राहकों के प्रति ज्यादा संवेदनशील होने ही जरूरत है। आज के प्रतियोगी दौर में यह सोचना कि मात्र काउंटर पर सेवायें देकर जनता को आकर्षित किया जा सकता है, उचित नहीं है। ज्यादा राजस्व के लिए हमे खुद लोगों के पास जाना होगा, नियमित संवाद स्थापित करते हुए उन्हें सेवाओं और गुणवत्ता के बारे में जागरूक करना होगा, तभी लक्ष्यों की प्राप्ति हो सकेगी।

प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी जी द्वारा आरम्भ “बेटी बचाओ-बेटी पढ़ाओ” अभियान के तहत बेटियों के सुकन्या समृद्धि खाते (Sukanya Samriddhi Yojana) खुलवाकर डाक निदेशक श्री कृष्ण कुमार यादव द्वारा उन्हें पासबुक प्रदान की गयी तथा डाक जीवन बीमा (Postal Life Insurance) व ग्रामीण डाक जीवन बीमा धारकों को पॉलिसी बांड भी वितरित किये गये। सीतापुर डाक मण्डल में विभिन्न क्षेत्रों में उत्कृष्ट कार्य करने वाले डाक कर्मियों को भी डाक निदेशक ने सम्मानित कर उनकी पीठ थपथायी।
डाक अधीक्षक श्री एच.के. यादव ने कार्यक्रम में उपस्थित अतिथियों का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि सीतापुर मण्डल का स्टाफ पूरी प्रतिबद्धता के साथ कार्य करते हुए विभागीय लक्ष्यों की प्राप्ति सुनिश्चित करेगा। इस अवसर पर सहायक अधीक्षक अरुण कुमार शुक्ल, विकास मिश्र, डाक निरीक्षक सोनेलाल, जे.पी. त्रिवेदी, मो. इकबाल, पोस्टमास्टर अनिल कुमार शुक्ला, इंडिया पोस्ट पेमेंट्स बैंक मैनेजर रानू अग्रवाल सहित डाक विभाग के तमाम अधिकारी-कर्मचारी, बचत अभिकर्तागण इत्यादि उपस्थित रहे।






डाक निदेशक कृष्ण कुमार यादव  यादव ने सीतापुर प्रधान डाकघर में किया माई स्टाम्प सेवा का शुभारम्भ
डाक टिकट पर अपनी फोटो देख लोग हुए प्रफुल्लित, 510 लोगों ने बनवाई माई स्टाम्प
डिजिटल भारत और वित्तीय समावेशन में डाक विभाग नई भूमिका निभाने के लिए तत्पर- डाक निदेशक कृष्ण कुमार यादव